कोरोना वायरसः धार्मिक-पर्यटक स्थलों पर प्रवेश पर लगी रोक

खबर शेयर करें

देहरादून/हल्द्वानी। विकासनगर के डाक पत्थर से कोरोना संदिग्ध पति-पत्नी को देहरादून रेफर किया गया है। बताया गया कि उनमें कोरोना से मिलते-जुलते लक्षण हैं। संदिग्ध व्यक्ति की उम्र 55 साल है और वह विगत पांच मार्च को दुबई से भारत लौटे। दुबई में उनका बेटा रहता है। कोरोना वायरस के संबंध में आयुक्तालय खाद्य सरंक्षा व औषधि प्रशासन ने आज एक आदेश जारी किया है। जिसके तहत मेडिकल स्टोर द्वारा किसी भी व्यक्ति को बिना डॉक्टरी परामर्श के सर्दी, खांसी, जुकाम, बुखार और दर्द से संबंधित दवा न देने को कहा गया है। इसके अलावा प्रदेश के पार्कों, धार्मिक, पर्यटन स्थलों पर भी भ्रमण पर पूर्णतया रोक लगा दी गई है। यह आदेश 17 मार्च से शुरू हो गया है।
वहीं, ऋषिकेश एम्स में भी कोरोना वायरस से आशंकित दो मरीज भर्ती कराए गए हैं। केरल निवासी बेल्जियम में अध्ययनरत 27 वर्षीय छात्र 18 जनवरी को हिंदुस्तान आया था। जो देश में कई स्थानों का भ्रमण कर चुका है। 12 मार्च को उसे नजीबाबाद में बुखार की शिकायत पर निजी अस्पताल में भर्ती किया गया। स्वास्थ्य ठीक नहीं होने पर आज एम्स में आइसोलेशन वार्ड में भर्ती कराया। 27 वर्षीय ऋषिकेश निवासी युवती करनाल गई व वहां से 7 मार्च को सेंट्रल दिल्ली में कोरोना कंफर्म मरीज के क्षेत्र में भ्रमण के लिए गई। दोनों मरीजों के सैंपल लेकर पूणे स्थित नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ वायरोलॉजी में जांच के लिए भेजे गए। कुल पांच जांच रिपोर्ट आनी बाकी हैं।
कोरोना से संक्रमित ट्रेनी आईएफएस के संपर्क में आए 24 और लोगों की भी जांच होगी। इनके सैंपल जांच के लिए प्रयोगशाला भेजे जाएंगे। स्वास्थ्य विभाग की टीम लगातार इन लोगों की निगरानी कर रही है।
जिला प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग संक्रमित ट्रेनी आईएफएस के संपर्क में आए लोगों की सूची तैयार कर रहा है। इसमें अब तक ऐसे 51 लोगों की सूची बनाई गई है। विदेश से आने के बाद इनके क्लोज संपर्क में आने वालों की संख्या 24 बताई जा रही है। इनमें अकादमी के हॉस्टल के खाना बनाने या बांटने से लेकर अन्य कर्मचारी यह कोई और भी शामिल हो सकते हैं। सीएमओ डॉ. मीनाक्षी जोशी ने बताया कि शासन-प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग द्वारा लगातार हर संभव एहतियाती कदम उठाए जा रहे हैं। दहशत या घबराने जैसी कोई स्थिति नहीं है। बस बताए जा रहे बचाव के तरीकों को अपनाएं।
वहीं दून मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य डॉ. आशुतोष सयाना ने निर्देश पर अस्पताल में न्यू ओपीडी ब्लॉक के ग्राउंड फ्लोर पर फ्लू ओपीडी शुरू कर दी गई है।
कोरोना वायरस के संबंध में आयुक्तालय खाद्य सरंक्षा व औषधि प्रशासन ने आज एक आदेश जारी किया है। जिसके तहत मेडिकल स्टोर द्वारा किसी भी व्यक्ति को बिना डॉक्टरी परामर्श के सर्दी, खांसी, जुकाम, बुखार और दर्द से संबंधित दवा न देने को कहा गया है। आदेश में कहा गया कि कोई भी कैमिस्ट बिना डॉक्टर के परामर्श के बिना किसी भी व्यक्ति को खांसी, जुकाम, बुखार व दर्द की दवाईयां न दें। इसके लिए खांसी जुकाम से पीड़ित व्यक्ति को डॉक्टर की सलाह लेने की सलाह दें। प्रदेश के सभी ड्रग्स इंस्पेक्टरों को आदेशों का पालन करने के निर्देश दिए गए हैं। आम लोगों को कोरोना वायरस के प्रति जागरूक करने के लिए मेडिकल स्टोर में भी सैनेटाइजर व मास्क के रेट लिस्ट लगाई जाए।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *